पी जे सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में मनाया गया गोस्वामी तुलसीदास जयंती, प्रथम आंतरिक परीक्षा का परिणाम घोषित किया गया और अभिभावकों निरीक्षण के लिए दिखाई गई परीक्षा की कॉपी

चक्रधरपुर। पंप रोड स्थित पद्मावती जैन सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में आज दिनांक शनिवार को गोस्वामी तुलसीदास की जयंती मनाया गया। इस उपलक्ष में प्रथम आंतरिक परीक्षा का परीक्षाफल सभी अभिभावकों की उपस्तिथि में सुनाया गया एवं परीक्षा कॉपी भी अभिभावकों को सिलसिलेवार तरीके निरीक्षण करने के लिए दिया गया जिससे अभिभावको को अपने बच्चों की पढ़ाई के बारे में स्तर और ज्ञान का आकलन जो सके ।

कार्यक्रम का प्रारंभ विद्यालय के उपाध्यक्ष दमयंती नाग, कोषाध्यक्ष संदीप महतो, समिति सदस्य सह पूर्व वार्ड पार्षद रवि कुमार बांकिरा एवं प्रधानाचार्य आनंद चंद्र प्रधान द्वारा संयुक्त रुप से गोस्वामी तुलसीदास जी के चित्र पर पुष्पार्चन एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। मौके पर प्रधानाचार्य आनंद चंद्र प्रधान ने कहा की गोस्वामी तुलसीदास की जयंती हर साल श्रावण माह के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाई जाती है।

गोस्वामी तुलसीदास एक प्रमुख भारतीय कवि, संत और दार्शनिक थे, जिन्होंने 12 पुस्तकों की रचना की थी। उनकी रचित रामचरितमानस में उन्हें सबसे ज्यादा ख्याति प्राप्त हुई ।

कई लोग इन्हें महर्षि बाल्मीकि का अवतार भी मानते थे। साथ ही सभी अभिभावकों से कहा की यहाँ बच्चे जो वास्तविक अंक लाते वही अंक दिया जाता है। ताकि आप भी अपने बच्चों के बारे जान सके की कहाँ उनकी कमी है।

वहीं कोषाध्यक्ष संदीप महतो ने कहा की गोस्वामी तुलसीदास प्रभु श्रीराम के परम भक्त थे। कार्यक्रम का संचालन जयश्री दास ने किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में शांति देवी, मीना कुमारी, निशा किरण बानारा, सौभिक घटक, चांदनी जोंको, जयंती तांती एवं काफी संख्या में अभिभावक उपस्थित थे।