घर से मोटरसायकल एवं स्कूटी चोरी के मामले मे आरोपी गिरफ्तार

:- थाना लुन्ड्रा पुलिस टीम द्वारा मामले मे आरोपी के विरुद्ध की गई सख्त वैधानिक कार्यवाही।
:- आरोपी के कब्जे से चोरी किया गया होंडा मोटरसायकल एवं जुपिटर स्कूटी कुल कीमती लगभग 01 लाख रुपये एवं घटना मे प्रयुक्त रॉड किया गया जप्त।
:- दोपहिया वाहन चोरी के मामले मे पुलिस टीम द्वारा की जा रही त्वरित कार्यवाही, चंद घंटे के भीतर चोरी का मशरुका किया गया जप्त।
⏩ मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थी रघुवीर अग्रवाल साकिन ग्राम चिरंगा नवापारा थाना लुण्ड्रा का रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक 16/01/26 को सुबह प्रार्थी के परिवार के सदस्य सभी अम्बिकापुर गये हुए थे कि प्रार्थी शाम के समय बाउण्ड्री मे अन्दर से ताला लगाकर घर अन्दर था कि रात्रि मे प्रार्थी की पत्नी एवं बच्चे वापस आये और देखे कि बाउण्ड्री में लगा गेट का ताला टूटा हुआ था और बाउण्ड्री के अन्दर पोर्च में खड़ा मोटर सायकल होण्डा CD 110 क्रमांक CG/15/DU/8552 काला कलर का evam जुपिटर स्कूटी क्रमांक CG/15/ED/6867 मेहरून लाल कलर का पुरानी इस्तेमाली नही था,
कोई अज्ञात चोर घर के बाउण्ड्री के अन्दर घुसकर ताला तोड़कर चोरी कर ले गया है, साथ ही घर में लगा सीसीटीव्ही कैमरा दो नग को भी तोड़ दिया है, प्रार्थी के रिपोर्ट पर थाना लुन्ड्रा मे अपराध क्रमांक 13/26 धारा 331(4), 305(ए) बी.एन.एस. का अपराध दर्ज कर विवेचना मे लिया गया।
⏩ दौरान विवेचना पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल का निरिक्षण कर मामले के आरोपी का पता तलाश किया जा रहा था कि मुखबिर सूचना पर संदेही बबुआ उर्फ संजय मरावी को हिरासत में लेकर पुछताछ करने पर अपना नाम बबुआ उर्फ़ संजय मरावी उम्र केश्वर सिंह मरावी उम्र 20 वर्ष साकिन ऊपरपोड़ी नवापारा थाना लुन्ड्रा का होना बताया आरोपी से घटना के सम्बन्ध मे पूछताछ करने पर अपराध घटित करना स्वीकार किया गया,
आरोपी के कब्जे से चोरी किया गया मोटरसायकल होण्डा CD 110 क्रमांक CG/15/DU/8552 काला कलर का evam जुपिटर स्कूटी क्रमांक CG/15/ED/6867 मेहरून लाल कलर जप्त किया गया साथ ही आरोपी के कब्जे से ताला तोड़ने में प्रयुक्त लोहे का राड जप्त किया गया, आरोपी के विरुद्ध अपराध सबूत पाये जाने से प्रकरण मे आरोपी को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जाता है।
⏩ सम्पूर्ण कार्यवाही मे थाना लुन्ड्रा से सहायक उप निरीक्षक महेन्द्र सिंह, एस.आर. साहू, आरक्षक शिव प्रसाद खलखो, विरेन्द्र खलखो, बालकेश्वर सिंह सक्रिय रहे।




