पेंड्रा मुतवल्ली चुनाव : फर्जी घोषणाओं से प्रभावित करने की कोशिश, मतदाता सतर्क

पुराने पत्रों की बौछार, समाज ने कहा – बदलाव तय, अब चालबाज़ी नहीं चलेगी
पेंड्रा। वक्फ़ बोर्ड के आदेशानुसार कल 13 सितंबर को पेंड्रा में मुतवल्ली का चुनाव संपन्न होने जा रहा है। चुनाव में मुख्य मुकाबला समाजसेवी मो. शहाबुद्दीन और लंबे समय से सचिव पद संभाल रहे मो. सादिक के बीच है। लगभग 520 मतदाता कल अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।

इसी बीच चुनाव को प्रभावित करने के लिए कुछ पुराने और फर्जी पत्रों की बाढ़ समाज के बीच फैलाई जा रही है। आरोप है कि एक प्रत्याशी, जो पिछले 10–15 वर्षों से कमेटी में अहम पद पर काबिज़ है, उनके समर्थकों द्वारा नगर पालिका अध्यक्ष के नाम से रोज़ नए-नए पत्र समाज के ग्रुपों में डाले जा रहे हैं। इनमें तत्काल स्वीकृत कार्यों की घोषणाएँ बताई जा रही हैं, जबकि अधिकांश पत्र महीनों पुराने हैं और उनका ज़मीनी असर अब तक नज़र नहीं आया।

समाज के प्रबुद्ध लोगों ने सवाल उठाया है कि —
“अगर ये काम समाज के उत्थान के लिए ही थे तो इतने सालों तक क्यों नहीं किए गए? चुनाव से ठीक पहले ही इनकी याद क्यों आई?”

मतदाताओं ने स्पष्ट किया कि वे किसी भी तरह की चुनावी चालबाज़ी में नहीं फँसेंगे। उनका कहना है —
“कई वर्षों बाद हमें वास्तविक रूप से मताधिकार मिला है। हम बदलाव चाहते हैं। हम अपने वोट की कीमत जानते हैं और ऐसे प्रतिनिधि का चुनाव करेंगे जो मस्जिद और समाज की भलाई के लिए ईमानदारी से काम करे।”




