कोटा | पीएम जनमन, धरती आबा और पीवीटीजी सर्वे योजनाओं की मैदानी समीक्षा के लिए बैगा गांवों का दौरा
आदिम जाति कल्याण विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि वोरा ने बुधवार को कोटा विकासखंड के बैगा बहुल ग्राम शिवतराई और नेवसा का दौरा कर केंद्र एवं राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं की जमीनी स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने जनजातीय गौरव उत्सव, पीएम जनमन, धरती आबा अभियान, पीवीटीजी डिजिटल सर्वे और सुशासन तिहार के क्रियान्वयन की मैदानी समीक्षा की।
प्रमुख सचिव अचानकमार क्षेत्र के दूरस्थ बैगापारा नेवसा पहुंचे, जहां उन्होंने ग्रामीणों से सीधे संवाद कर योजनाओं के लाभ और जमीनी स्थिति की जानकारी ली।

सर्वे सेतु ऐप से खुद किया डिजिटल सर्वे, बैगा परिवारों से जाना योजनाओं का असर
दौरे के दौरान प्रमुख सचिव ने शिवतराई में स्वयं सर्वे सेतु ऐप के माध्यम से तिहारू बैगा के परिवार का डिजिटल सर्वे किया। इस दौरान उन्होंने परिवार की आजीविका, आवास, स्वास्थ्य सुविधाओं और विभिन्न सरकारी योजनाओं की पहुंच को लेकर विस्तार से जानकारी ली।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पीवीटीजी समुदायों तक हर जरूरी योजना का लाभ समय पर पहुंचे और कोई भी पात्र परिवार वंचित न रहे।
पीएम जनमन सड़क की ड्रिलिंग कर गुणवत्ता जांची, ग्रामीणों से लिया फीडबैक
नेवसा गांव में पीएम जनमन योजना के तहत निर्मित सड़क की गुणवत्ता जांचने के लिए प्रमुख सचिव ने तकनीकी टीम के साथ सड़क की ड्रिलिंग कराई। सड़क की मोटाई और निर्माण सामग्री के नमूने लेकर गुणवत्ता की जांच की गई।
शिवतराई-अचानकमार मुख्य मार्ग से लगभग साढ़े तीन किलोमीटर दूर बैगा पारा तक बनी इस सड़क से ग्रामीणों को आवागमन में बड़ी राहत मिली है। ग्रामीणों ने बताया कि बरसात के दिनों में अब उन्हें पहले जैसी परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा।
मोबाइल मेडिकल यूनिट की सेवाओं का लिया जायजा, नियमित भ्रमण के दिए निर्देश
दौरे के दौरान गांव में मोबाइल मेडिकल यूनिट भी पहुंची थी। प्रमुख सचिव ने बैगा समुदाय के लोगों से वाहन की उपयोगिता के बारे में जानकारी ली। ग्रामीणों ने इसे काफी लाभकारी बताया।
इस पर उन्होंने मेडिकल यूनिट को नियमित रूप से गांवों में भ्रमण करने के निर्देश दिए। साथ ही उपचार कराने पहुंचे मरीजों से चर्चा कर स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति की भी जानकारी ली।
आदिवासी बालक आश्रम की बदहाल व्यवस्था पर जताई नाराजगी
प्रमुख सचिव सोनमणि वोरा ने नेवसा स्थित आदिवासी बालक आश्रम का औचक निरीक्षण भी किया। निरीक्षण के दौरान आश्रम परिसर, शौचालय और रखरखाव की स्थिति बेहद खराब पाई गई, जिस पर उन्होंने गहरी नाराजगी जताई।
उन्होंने सहायक आयुक्त को हॉस्टल वार्डन रवि पाठक के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही नया शिक्षा सत्र शुरू होने से पहले सभी आश्रम और छात्रावासों में साफ-सफाई, पेयजल, बिजली और आवश्यक मरम्मत कार्य समय पर पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
समीक्षा बैठक में 30 मई तक पीवीटीजी सर्वे पूरा करने के निर्देश
प्रमुख सचिव ने जनपद पंचायत कोटा सभाकक्ष में अधिकारियों की बैठक लेकर विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने पीवीटीजी डिजिटल सर्वे की प्रगति पर जानकारी लेते हुए 30 मई तक शत-प्रतिशत सर्वे पूरा करने के निर्देश दिए।
अधिकारियों ने बताया कि लगभग 90 प्रतिशत सर्वे कार्य पूर्ण हो चुका है और शेष कार्य पंचायत सचिवों एवं अधीक्षकों के माध्यम से तेजी से कराया जा रहा है।
पीवीटीजी परिवारों को मुख्यधारा से जोड़ने पर सरकार का फोकस
बैठक में प्रमुख सचिव ने कहा कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री पीवीटीजी समुदायों के विकास को लेकर बेहद संवेदनशील हैं। पीएम जनमन, धरती आबा और अन्य योजनाओं के माध्यम से विशेष जनजातीय परिवारों को मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र परिवारों तक योजनाओं का लाभ शत-प्रतिशत पहुंचे। साथ ही पीवीटीजी परिवारों के लिए कौशल विकास और स्वरोजगार आधारित गतिविधियों को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया।
बैठक में सहायक आयुक्त संजय चंदेल, एसडीएम प्रवेश पैकरा, जनपद सीईओ युवराज सिन्हा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।


