सुंदरगढ़। ओडिशा-झारखंड सीमा पर प्राकृतिक खूबसूरती के बीच बसा राचाकोना गांव इन दिनों बाढ़ की विभीषिका से जूझ रहा है। लगातार हो रही बारिश और शंख नदी के उफान के कारण गांव में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। बाढ़ के पानी से कई घरों के गिरने की बात सामने आई है, वहीं ग्रामीणों के सामने पालतू मवेशियों के लिए चारा जुटाने की भी समस्या खड़ी हो गई है।
लगातार बारिश से बिगड़े हालात
राचाकोना गांव ओडिशा के सुंदरगढ़ जिले के कुआरमुंडा ब्लॉक अंतर्गत माझापारा पंचायत में स्थित है। बीते सोमवार को गांव में बाढ़ का पानी घुसने से हालात बिगड़ गए। ग्रामीणों के मुताबिक, लगातार बारिश के कारण आसपास के जलस्रोतों का जलस्तर बढ़ा है और शंख नदी उफान पर है।
कई घरों को पहुंचा नुकसान
बाढ़ के पानी के कारण गांव में कई कच्चे और कमजोर मकानों को नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है। कुछ घरों के गिरने से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई है। वहीं मवेशियों के लिए चारा और भोजन की व्यवस्था करना भी मुश्किल हो गया है।
दशकों पुरानी समस्या का नहीं हुआ समाधान
ग्रामीणों का कहना है कि राचाकोना में बाढ़ की समस्या कोई नई नहीं है। यह परेशानी दशकों से बनी हुई है। हर बार बारिश के मौसम में गांव के लोगों को बाढ़ और जलभराव का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों का दावा है कि समस्या के स्थायी समाधान के लिए स्थानीय प्रशासन से लेकर मुख्यमंत्री स्तर तक कई बार गुहार लगाई गई, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है।
प्रशासन से स्थायी समाधान की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल राहत और प्रभावित परिवारों की मदद करने के साथ ही बाढ़ की समस्या का स्थायी समाधान निकालने की मांग की है। उनका कहना है कि हर साल आपदा आने के बाद राहत देने के बजाय बाढ़ के कारणों का स्थायी समाधान किया जाना चाहिए, ताकि गांव के लोगों को बार-बार अपना घर और पशुधन बचाने के लिए संघर्ष न करना पड़े।




