रक्षाबंधन पर राष्ट्ररक्षा का संदेश, सैनिकों और वीर परिवारों के प्रति जताया सम्मान

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जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल आशीष पाण्डेय बोले- दूरियां रिश्तों को कमजोर नहीं करतीं, देशभक्ति की भावना सबसे मजबूत कड़ी

बिलासपुर। रक्षाबंधन का पर्व भाई-बहन के स्नेह और विश्वास का प्रतीक होने के साथ उन जिम्मेदारियों को भी याद करने का अवसर है, जो परिवार और राष्ट्र दोनों के प्रति जुड़ी होती हैं। इस अवसर पर जिला सैनिक कल्याण बोर्ड, बिलासपुर के अधिकारी कर्नल आशीष पाण्डेय ने देश की सीमाओं पर तैनात जवानों, पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और शहीद परिवारों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए भावनात्मक संदेश दिया।

दूरी से नहीं, भावनाओं से मजबूत होते हैं रिश्ते

कर्नल आशीष पाण्डेय ने कहा कि जिन लोगों को रक्षाबंधन पर अपने भाई-बहनों के साथ समय बिताने का अवसर मिलता है, वे सौभाग्यशाली हैं। वहीं देश की सुरक्षा के लिए सीमाओं पर तैनात जवानों के लिए यह पर्व घर और परिवार की यादों को और गहरा कर देता है।

उन्होंने कहा कि राखी का धागा भले ही छोटा हो, लेकिन उससे जुड़ी भावनाएं बहुत बड़ी होती हैं। परिवार से दूर रहने वाला जवान जब बहन की राखी या उसका संदेश पाता है, तो उसे अपने घर-परिवार और बचपन की यादों का एहसास होता है।

राखी के साथ जुड़ा है जिम्मेदारी का भाव

कर्नल पाण्डेय के अनुसार, भाई-बहन का रिश्ता केवल किसी एक दिन की रस्म तक सीमित नहीं है। समय और दूरी चाहे कितनी भी हो, सच्चे रिश्तों में अपनापन बना रहता है। उन्होंने कहा कि सरहद पर तैनात जवानों के लिए परिवार का एक छोटा-सा संदेश या फोन कॉल भी भावनात्मक संबल का काम करता है।

शहीद परिवारों और वीर नारियों को किया नमन

रक्षाबंधन के अवसर पर उन्होंने देश की रक्षा में अपने प्राण न्योछावर करने वाले अमर शहीदों को श्रद्धापूर्वक नमन किया। उन्होंने कहा कि शहीद आज हमारे बीच भले ही नहीं हैं, लेकिन उनका त्याग और परिवारों का योगदान देश हमेशा याद रखेगा।

कर्नल आशीष पाण्डेय बिलासपुर और आसपास के क्षेत्र में पूर्व सैनिकों, शहीद परिवारों और वीर नारियों के कल्याण, सम्मान तथा पुनर्वास से जुड़े कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं।

दूर रह रहे अपनों से जरूर जुड़ें

उन्होंने नागरिकों से अपील की कि जो सैनिक भाई या परिवार के सदस्य रक्षाबंधन पर घर नहीं पहुंच सके हैं, उन्हें फोन या संदेश के जरिए अपनेपन का अहसास कराएं। साथ ही शहीद सैनिकों के परिवारों के साथ त्योहार की खुशियां साझा करने और उनके प्रति सम्मान व्यक्त करने का भी आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि भाई-बहन के बीच यदि किसी बात को लेकर मनमुटाव है तो रक्षाबंधन जैसे अवसर पर उसे पीछे छोड़कर रिश्तों में प्रेम और अपनत्व को मजबूत करना चाहिए।

राष्ट्रभक्ति और पारिवारिक स्नेह का संदेश

कर्नल आशीष पाण्डेय का यह संदेश रक्षाबंधन के अवसर पर पारिवारिक भावनाओं के साथ राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी और सैनिकों के सम्मान की भावना को भी सामने लाता है। उन्होंने बिलासपुर जिले के नागरिकों, सेवारत जवानों, पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए सुख, शांति, समृद्धि और सुरक्षा की कामना की।

रिपोर्टर — अभिषेक कुमार पाण्डेय, बिलासपुर, छत्तीसगढ़

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