वाड्रफनगर (बलरामपुर)। अवैध रेत उत्खनन, मवेशी तस्करी, मादक पदार्थों की तस्करी तथा साइबर अपराध जैसी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए वाड्रफनगर पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में अंतर्राज्यीय बॉर्डर मीटिंग का आयोजन किया गया। बैठक में चार राज्यों—छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और झारखंड—के पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी शामिल हुए।
एसडीएम और एसडीओपी की अध्यक्षता में हुई बैठक
बैठक की अध्यक्षता वाड्रफनगर एसडीएम नीरनिधि नंदेहा तथा एसडीओपी राम अवतार ध्रुव ने की। कार्यक्रम का संचालन पुलिस अधीक्षक बलरामपुर के मार्गदर्शन में किया गया।
चार राज्यों के अधिकारी हुए शामिल
बैठक में विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें शामिल हैं—
- उत्तर प्रदेश से निरीक्षक डीपी यादव (थाना बभनी)
- मध्य प्रदेश से सीएसपी उमेश प्रजापति, निरीक्षक अशोक सिंह परिहार एवं उप निरीक्षक संदीप नामदेव
- झारखंड से एसडीपीओ सत्येंद्र नारायण सिंह, उप निरीक्षक जनार्दन राउत
- छत्तीसगढ़ से निरीक्षक बृजलाल भारद्वाज, उप निरीक्षक रघुनाथ सिंह मरावी, डाकेश्वर सिंह एवं बृजमोहन गुप्ता सहित अन्य अधिकारी
अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण को लेकर चर्चा
बैठक में प्रमुख रूप से निम्न विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई—
- अवैध रेत उत्खनन और परिवहन
- मवेशी तस्करी
- गांजा, शराब और नशीली दवाओं का अवैध परिवहन
- वारंटियों की पता-साजी और गिरफ्तारी
- चेकपोस्ट पर नियमित जांच एवं नाकाबंदी
- बॉर्डर क्षेत्र में साइबर अपराध और नए अपराध तरीकों पर नियंत्रण
आपसी समन्वय और सूचना आदान-प्रदान पर सहमति
बैठक में सभी राज्यों के अधिकारियों ने अपराध नियंत्रण के लिए आपसी सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई। साथ ही बॉर्डर क्षेत्रों में तैनात अधिकारियों के बीच त्वरित सूचना आदान-प्रदान के लिए एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाने का निर्णय लिया गया, जिससे किसी भी आपराधिक गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में बढ़ती अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए सभी राज्यों की पुलिस अब और अधिक समन्वित एवं सख्त कार्रवाई करेगी, जिससे अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित किया जा सके।




