सूरजपुर । जिले के ग्राम पण्डरी में एक व्यक्ति ने अपनी निजी भूमि के अंश पर बिना सहमति आंगनबाड़ी केंद्र का निर्माण कराए जाने का आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने सूरजपुर जिला कलेक्टर कार्यालय में लिखित शिकायत प्रस्तुत कर निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगाने और जिम्मेदारों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पण्डरी निवासी विजय कुमार (45 वर्ष) ने शिकायत में उल्लेख किया है कि ग्राम पंचायत पण्डरी के सरपंच बुधदेव, उपसरपंच शिवप्रसाद राजवाड़े एवं पंचायत सचिव द्वारा उनकी स्वामित्व वाली भूमि खसरा नं. 694/1, रकबा 0.06 हेक्टेयर के एक हिस्से (लगभग 1×7 मीटर त्रिभुजाकार भाग) पर बिना अनुमति आंगनबाड़ी भवन का पिलर निर्माण कर दिया गया है।
उक्त भूमि ग्राम के मुख्य चौराहे एवं सार्वजनिक मार्ग के समीप स्थित है। आवेदक का आरोप है कि निर्माण कार्य न केवल उनकी निजी भूमि पर किया जा रहा है, बल्कि यह स्थान मुख्य निस्तार सड़क के चौराहे पर होने के कारण छोटे बच्चों की सुरक्षा की दृष्टि से भी जोखिमपूर्ण है। शिकायत में कहा गया है कि यहां दोपहिया और चारपहिया वाहनों का लगातार आवागमन रहता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
पीड़ित के अनुसार उन्होंने इस संबंध में उप तहसील देवनगर में पूर्व में भी आवेदन प्रस्तुत किया था, जिस पर पटवारी एवं राजस्व निरीक्षक द्वारा स्थल जांच की गई। जांच प्रतिवेदन में आवेदक की भूमि के हिस्से पर निर्माणाधीन कॉलम की पुष्टि किए जाने तथा तहसीलदार द्वारा निर्माण कार्य पर रोक लगाए जाने का उल्लेख किया गया है। इसके बावजूद निर्माण कार्य जारी रखने का आरोप लगाया गया है।
विजय कुमार ने यह भी आरोप लगाया है कि जब उन्होंने निर्माण कार्य रोकने का विरोध किया, तो संबंधित जनप्रतिनिधियों द्वारा उनके साथ गाली-गलौज की गई और झूठे प्रकरण में फंसाने की धमकी दी गई, जिससे वे भयभीत हैं। आवेदक ने कलेक्टर से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर निजी भूमि पर हो रहे निर्माण को तत्काल रोका जाए तथा बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वैकल्पिक स्थान पर आंगनबाड़ी केंद्र का निर्माण कराया जाए। साथ ही दोषियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की भी मांग की गई है।

