कलेक्टर ने समय-सीमा बैठक में शिक्षा व्यवस्था मजबूत करने दिए निर्देश, विकास कार्यों की गुणवत्ता पर भी जोर
बिलासपुर, 1 सितंबर 2026। कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने समय-सीमा की बैठक लेकर जिले में संचालित शासन की फ्लैगशिप योजनाओं और विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में दूरदराज क्षेत्रों की एकल शिक्षकीय शालाओं में पढ़ाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए स्थानीय युवाओं की सेवाएं लेने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया।

एकल शिक्षकीय स्कूलों में स्थानीय युवा पढ़ाएंगे कठिन विषय
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि दूरस्थ क्षेत्रों की ऐसी शालाओं में जहां एक ही शिक्षक पदस्थ हैं, वहां बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो। इसके लिए स्थानीय स्तर पर पात्र युवाओं की सेवाएं ली जाएंगी। ये युवा विशेष रूप से गणित और विज्ञान जैसे कठिन विषयों की कक्षाएं लेंगे। उन्हें डीएमएफ मद से पीरियडवार मानदेय दिया जाएगा। वहीं स्वीकृत पद के विरुद्ध पद रिक्त होने पर संकुल स्तर पर भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी। कलेक्टर ने पूरी प्रक्रिया आगामी एक माह में पूर्ण करने के निर्देश दिए।
निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और स्थल चयन पर विशेष जोर
बैठक में जिले में स्वीकृत निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और स्थल चयन की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्माण एजेंसियों के साथ संबंधित विभागीय अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए, ताकि निर्माण कार्य निर्धारित गुणवत्ता के अनुरूप पूरे हों। उन्होंने कहा कि शासकीय राशि सीमित होती है, इसलिए किसी भी निर्माण कार्य के लिए स्थल का चयन जनसुविधा और आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए गंभीरता से किया जाना चाहिए।
बैठक में बताया गया कि जिले में वर्तमान में 230 आंगनबाड़ी भवन, 125 पीडीएस दुकान और 325 स्कूल टॉयलेट स्वीकृत किए गए हैं।
750 स्कूलों में स्मार्ट टीवी से पढ़ाई
कलेक्टर ने स्कूलों में स्मार्ट क्लास के माध्यम से संचालित शिक्षण व्यवस्था की भी समीक्षा की। वर्तमान में जिले के लगभग 750 स्कूलों में स्मार्ट टीवी के माध्यम से विद्यार्थियों को शिक्षण सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
ई-ऑफिस में लापरवाही पर नोटिस के निर्देश
ई-ऑफिस व्यवस्था की समीक्षा के दौरान करीब दो दर्जन कार्यालय प्रमुखों की उपलब्धि शून्य पाए जाने पर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागों में ई-ऑफिस व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर दिया।
डीसीएस सर्वे की प्रगति की समीक्षा
बैठक में डीसीएस सर्वे की प्रगति की भी समीक्षा की गई। जिले में अब तक करीब 39 प्रतिशत सर्वे कार्य पूर्ण होने की जानकारी दी गई। कलेक्टर ने सर्वे की गुणवत्ता और प्रगति का जायजा लेने के लिए जिला स्तरीय टीम को मैदानी निरीक्षण करने के निर्देश दिए।
स्थानीय तैराक बनेंगे ‘जलमित्र’
बाढ़ और आपदा से निपटने स्थानीय स्तर पर मजबूत होगी व्यवस्था
बाढ़ एवं आपदा प्रबंधन को प्रभावी बनाने के लिए कलेक्टर ने बड़े बांधों तथा नदी-नालों के किनारे बसे गांवों के स्थानीय कुशल तैराकों को ‘जलमित्र’ के रूप में नियुक्त करने के निर्देश दिए। इन तैराकों को बाढ़ और आपदा के दौरान बचाव कार्य का प्रशिक्षण दिया जाएगा तथा आवश्यक बचाव उपकरण भी उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे आपदा की स्थिति में स्थानीय स्तर पर त्वरित बचाव एवं राहत कार्य में मदद मिलने की उम्मीद है।
लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के निर्देश
कलेक्टर ने सीएम जनदर्शन, पीएम पोर्टल, ई-समाधान सहित विभिन्न माध्यमों से प्राप्त लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को लंबित मामलों का प्राथमिकता के साथ शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री प्रकाश सर्वे, जिला पंचायत सीईओ श्री संदीप अग्रवाल सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
अभिषेक कुमार पाण्डेय, रिपोर्टर बिलासपुर छत्तीसगढ़




