बलरामपुर-रामानुजगंज। राजपुर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी, जातिसूचक गाली-गलौज और एससी/एसटी एक्ट के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी संतोष सोनी को अंबिकापुर से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी घटना के बाद मोबाइल बंद कर झारखंड और छत्तीसगढ़ के विभिन्न स्थानों पर ठिकाने बदलकर छिपा हुआ था।
स्कॉर्पियो बेचने के नाम पर 2.21 लाख रुपये की धोखाधड़ी
पुलिस के अनुसार, प्रार्थी राकेश प्रसाद, बीट गार्ड (वन परिक्षेत्र राजपुर) ने शिकायत दर्ज कराई थी कि वर्ष 2023 में आरोपी संतोष सोनी ने स्कॉर्पियो वाहन (CG-15-UD-1510) का सौदा 4.25 लाख रुपये में किया था। प्रार्थी ने 2.04 लाख रुपये नकद दिए, जबकि शेष 2.21 लाख रुपये के लिए आरोपी ने यूनियन बैंक का चेक दिया। बैंक में प्रस्तुत करने पर खाते में पर्याप्त राशि नहीं होने के कारण चेक बाउंस हो गया।
पैसे मांगने पर दी जातिसूचक गालियां
शिकायत के अनुसार, 12 मई 2026 को जब प्रार्थी अपने साथी के साथ पैसे मांगने आरोपी की दुकान पहुंचा तो आरोपी ने जातिसूचक गालियां देते हुए धमकी दी और पैसे लौटाने से इनकार कर दिया।
अंबिकापुर से हुई गिरफ्तारी
मामले में थाना राजपुर में अपराध क्रमांक 118/2026 के तहत धारा 296 बीएनएस एवं एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(1)(द)(ध) में अपराध दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन एवं एसडीओपी कुसमी के मार्गदर्शन में पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर 31 जुलाई 2026 की रात अंबिकापुर में घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पहले भी कई धोखाधड़ी के मामले दर्ज
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी लोगों से सामान देने के नाम पर रुपये लेकर अधूरा सामान देता था और बिना राशि वाले बैंक खाते के चेक थमा देता था। आरोपी के खिलाफ पहले से भी लाखों रुपये की धोखाधड़ी के कई मामले न्यायालय में लंबित हैं तथा उसके विरुद्ध वारंट भी जारी था।
फिलहाल पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर 14 अगस्त 2026 तक न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। विवेचना जारी है।




