एनडीपीएस मामले में जेल में बंद आरोपी पर महिला प्रताड़ना और राष्ट्रीय एकता से जुड़े आरोप, विवेचना जारी
रायगढ़। महिला प्रताड़ना और राष्ट्रीय एकता के प्रतिकूल अभिकथन जैसे गंभीर आरोपों से जुड़े मामले में रायगढ़ पुलिस ने आरोपी वसीम मोहम्मद के खिलाफ जांच तेज कर दी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में मामले की विवेचना डीएसपी उन्नति ठाकुर के सुपरविजन में पुसौर थाना प्रभारी निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह बैस द्वारा की जा रही है।
महिला की शिकायत पर दर्ज हुआ मामला
पुलिस के अनुसार, 29 मई 2026 को एक महिला ने महिला थाना रायगढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोपी पर मानसिक एवं शारीरिक प्रताड़ना के आरोप लगाए गए थे। साथ ही आरोप लगाया गया था कि आरोपी ने उसके नाबालिग पुत्र को आपत्तिजनक नारे सिखाए, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
शिकायत के आधार पर आरोपी वसीम मोहम्मद के विरुद्ध अपराध क्रमांक 52/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं और छत्तीसगढ़ धर्म स्वातंत्र्य अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर हुई पूछताछ
पुलिस के अनुसार आरोपी वसीम मोहम्मद पहले से ही एनडीपीएस एक्ट के मामले में जिला जेल रायगढ़ में न्यायिक अभिरक्षा में बंद है। उसे न्यायालय से प्रोडक्शन वारंट प्राप्त कर एक दिन के लिए पुलिस अभिरक्षा में लिया गया।
पुलिस टीम ने आरोपी को घटनास्थल ले जाकर पूछताछ, स्थल निरीक्षण और अन्य आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की। इसके बाद पुलिस अभिरक्षा अवधि पूरी होने पर आरोपी को पुनः न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
पुलिस ने कहा—साक्ष्यों के आधार पर होगी कार्रवाई
रायगढ़ पुलिस ने बताया कि मामले की विवेचना जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का संदेश
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि राष्ट्र विरोधी मानसिकता फैलाने, महिलाओं के विरुद्ध अपराध और सामाजिक सौहार्द प्रभावित करने वाले मामलों में रायगढ़ पुलिस साक्ष्य आधारित कठोर वैधानिक कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है।




