चक्रधरपुर। रेलनगरी बंडामुंडा के सेक्टर-सी स्थित नयापल्ली-1 निवासी दिलीप साहू ने देश की प्रतिष्ठित मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET में शानदार सफलता हासिल कर अपने परिवार और पूरे बंडामुंडा का नाम रोशन किया है। उन्होंने 616 अंक प्राप्त करते हुए ऑल इंडिया रैंक (AIR) 5919 हासिल की। उनकी इस उपलब्धि पर क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
साधारण परिवार से निकलकर रचा सफलता का इतिहास
दिलीप साहू एक साधारण मध्यमवर्गीय परिवार से हैं। उनके पिता दिनेश साहू साइकिल से फेरी लगाकर परिवार का पालन-पोषण करते हैं, जबकि माता सुचिता साहू गृहिणी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद परिवार ने शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी, जिसका परिणाम आज पूरे समाज के सामने है।
बिना महंगी कोचिंग के ऑनलाइन पढ़ाई से मिली सफलता
दिलीप ने अपनी 10वीं और 12वीं की पढ़ाई बंडामुंडा रेलवे हाई स्कूल से पूरी की। उन्होंने 10वीं में 95.8 प्रतिशत और 12वीं में 96 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। उन्होंने बताया कि NEET की तैयारी किसी महंगी कोचिंग के बजाय ऑनलाइन माध्यम और घर पर नियमित अध्ययन से की।
गरीबों की सेवा करना है सपना
दिलीप ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के सहयोग, मार्गदर्शन और आशीर्वाद को दिया। उन्होंने कहा कि उनका सपना डॉक्टर बनकर आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद लोगों की सेवा करना है, क्योंकि वे स्वयं एक मध्यमवर्गीय परिवार से हैं और उनकी समस्याओं को अच्छी तरह समझते हैं।
पढ़ाई के साथ पेंटिंग का भी शौक
दिलीप पढ़ाई के अलावा पेंटिंग में भी रुचि रखते हैं। खाली समय में चित्रकारी कर अपनी रचनात्मकता को निखारते हैं। उनकी सफलता यह साबित करती है कि मजबूत इरादे, मेहनत और परिवार का सहयोग हो तो सीमित संसाधन भी सफलता की राह में बाधा नहीं बनते।
स्कूल प्रबंधन ने दी शुभकामनाएं
दिलीप की उपलब्धि पर स्कूल के प्राचार्य प्रवीर कुमार दत्ता एवं स्कूल नियंत्रण अधिकारी सह चक्रधरपुर रेल मंडल के वरिष्ठ कार्मिक अधिकारी डॉ. ऋषभ सिन्हा ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। डॉ. सिन्हा ने कहा कि दिलीप की सफलता क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने बताया कि रेलवे स्कूल में कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष कक्षाएं और ऑनलाइन कोचिंग की व्यवस्था भी की गई थी, जिसका छात्रों को लाभ मिला।


