पेंड्रा । छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण बिलासपुर तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश बिलासपुर श्री सिराजुद्दीन कुरैशी के मार्गदर्शन में मंगलवार को व्यवहार न्यायालय पेंड्रा रोड में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती एकता अग्रवाल, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट महेश बाबू साहू तथा न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी कुमारी सीमा जगदल्ला द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर एवं पुष्प अर्पित कर की गई।
इस अवसर पर न्यायालय में कार्यरत महिला अधिवक्ताओं और महिला कर्मचारियों को पुष्पगुच्छ भेंट कर मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती एकता अग्रवाल ने कहा कि महिलाओं को पारिवारिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ अपने आत्मसम्मान और अधिकारों के प्रति भी जागरूक रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में महिलाओं को जहां भी अवसर मिला है, उन्होंने पूरी मेहनत और समर्पण के साथ अपनी पहचान स्थापित की है।

कार्यक्रम में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट महेश बाबू साहू, न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी कुमारी सीमा जगदल्ला तथा अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अतुल तिवारी ने भी महिलाओं की भूमिका और उनके अधिकारों पर अपने विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम का संचालन मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट महेश बाबू साहू ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी कुमारी सीमा जगदल्ला ने किया।
अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अतुल कुमार तिवारी, सचिव पवन त्रिपाठी, अतिरिक्त लोक अभियोजक कौशल सिंह, शैलेंद्र चतुर्वेदी, केवी सोनी सहित महिला अधिवक्ताएं और व्यवहार न्यायालय के सभी कर्मचारी उपस्थित रहे।

