तुमनार पंचायत में सड़क निर्माण के नाम पर वन क्षेत्र को नुकसान, ठेकेदार पर रात में खनन के गंभीर आरोप
बीजापुर। जिले के बीजापुर विकासखंड अंतर्गत तुमनार पंचायत में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत निर्माणाधीन सड़क को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। LO58–LO120 तराईपारा से तुमनार तक लगभग 3 किलोमीटर लंबी सड़क निर्माण कार्य के दौरान जंगल और वन भूमि को नुकसान पहुंचाने की बात कही जा रही है।
वन भूमि और तालाब किनारे से अवैध मुरुम उत्खनन का आरोप
स्थानीय सूत्रों और ग्रामीणों के अनुसार, सुकमा की कंस्ट्रक्शन कंपनी SJH द्वारा सड़क निर्माण के लिए वन भूमि और तालाब के किनारे से अवैध रूप से मुरुम का उत्खनन किया जा रहा है। आरोप है कि इस प्रक्रिया में जंगल क्षेत्र को गंभीर क्षति पहुंच रही है और कई पेड़-पौधे भी नष्ट हुए हैं।
ठेकेदार पर पहले भी विवादों में रहने का आरोप
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि संबंधित ठेकेदार पूर्व में नेशनल पार्क क्षेत्र में अवैध मुरुम खनन के मामलों में भी चर्चा में रह चुका है। इससे निर्माण कार्य की पारदर्शिता और नियमों के पालन पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
वन विभाग की भूमिका पर उठे सवाल
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल वन विभाग की भूमिका को लेकर उठ रहा है। कथित अवैध खनन और जंगलों को नुकसान पहुंचने के बावजूद विभाग की चुप्पी पर स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र का वन एवं पर्यावरण गंभीर रूप से प्रभावित हो सकता है।
रात के अंधेरे में खनन के आरोप
सूत्रों के अनुसार, ठेकेदार द्वारा वन विभाग की संभावित पेनल्टी से बचने के लिए अब दिन की बजाय रात के अंधेरे में जंगल क्षेत्र से अवैध मुरुम का उत्खनन किया जा रहा है।
प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी निगाहें
अब देखना होगा कि प्रशासन और वन विभाग इस पूरे मामले में जांच कर कोई ठोस कार्रवाई करते हैं या नहीं, या फिर यह मामला भी सिर्फ आरोपों तक ही सीमित रह जाता है।





