रायपुर: रायपुर की महिला जेल में बंदिनियां अब अपने परिवार वालों के साथ वीडियो कॉल में बात कर सकेंगी. इसके अलावा वे अब अधिवक्ताओं से सीधे वीडियो कॉल के जरिए बात कर कानूनी विचार विमर्श भी कर सकेंगी.
प्रिजन इनमेट वीडियो कॉलिंग सिस्टम
छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम विजय शर्मा की घोषणा के अनुसार जेल प्रशासन ने महिला बंदिनियों को प्रिजन इनमेट वीडियो कॉलिंग सिस्टम का बहुप्रतीक्षित तोहफा दिया है. महिलाओं के लिए यह सुविधा रविवार को मदर्स डे पर शुरू की गई. जेल विभाग और बीएसएनएल के बीच हुए अनुबंध के तहत प्रिजन इनमेट वीडियो कॉलिंग सिस्टम को स्थापित किया गया है.
वीडियो कॉलिंग सिस्टम लगने से अब महिला बंदी अपने परिजनों से सीधे वीडियो कॉल के जरिए बात कर सकेंगी. जिससे उन्हें मानसिक संबल मिलेगा. यह पहल न केवल बंदिनियों को उनके मानवाधिकारों और परिवार से जोड़ने का माध्यम बनेगी, बल्कि जेल सुधार की दिशा में तकनीकी समावेश का एक उत्कृष्ट उदाहरण भी पेश करेगी.

प्रिजन इनमेट वीडियो कॉलिंग सिस्टम
हुनर को मिला सम्मान
मदर्स डे पर निश्चय कार्यक्रम के अंतर्गत कौशल विकास का प्रशिक्षण पूर्ण करने वाली 38 महिला बंदिनियों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया. यह उनके पुनर्वास और भविष्य में स्वावलंबन की दिशा में एक बड़ा कदम है.
जेल में मां के साथ रहने वाले बच्चों को विशेष उपहार
जेल में अपनी माताओं के साथ रह रहे 14 मासूम बच्चों को विभाग की ओर से विशेष उपहार वितरित किए गए, जिससे बच्चों के चेहरे खिल गए. इस संवेनदनशील पहल के शुभारंभ अवसर पर जेल और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से हिमांशु गुप्ता (डीजी, जेल), योगेश सिंह क्षत्री (जेल अधीक्षक), विजय छबलानी (प्रतिनिधि, BSNL), गरिमा पांडेय (प्रभारी, महिला जेल) जेल स्टाफ, संबंधित महिला बंदिनी उपस्थित रहे.

