रायगढ़ में लगातार हो रही बारिश को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट पर

By
Advertisement
Advertisement

कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल ने बाढ़ राहत के लिए सभी जरूरी तैयारियां रखने किया निर्देशित

एडीएम सुश्री संतन देवी जांगड़े ने वीडियो कान्फ्रेेसिंग से जिले में स्थिति की समीक्षा की, अधिकारियों को दिए गए दिशा-निर्देश

बाढ़ आपदा राहत के लिए कंट्रोल रूम स्थापित, सहायता के लिए 07762-223750 पर कॉल कर दे सकते हैं सूचना

नदियों-बांधों में जल स्तर की लगातार हो रही निगरानी

रायगढ़,  कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल ने वर्षा ऋत को ध्यान में रखते हुए बाढ़, अतिवृष्टि, प्राकृतिक आपदा से बचाव एवं राहत व्यवस्था करने के संबंध में अधिकारियों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हुए हैं। रायगढ़ जिले में बीते दो दिनों से हो रही बारिश और बढ़ते नदी जल स्तर को देखते हुए कलेक्टर श्री गोयल के निर्देश पर एडीएम सुश्री संतन देवी जांगड़े एवं डिप्टी कलेक्टर एवं बाढ़ आपदा की नोडल अधिकारी श्रीमती रेखा चन्द्रा ने जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार एवं जल संसाधन विभाग के अधिकारियों की वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक लेकर स्थिति की समीक्षा की और एहेतियाती दिशा निर्देश दिए।

एडीएम सुश्री संतन देवी जांगड़े ने नदी के जलस्तर पर नजर रखने और जल स्तर के खतरे के निशान पर पहुंचने की संभावना होने पर इसकी पूर्व सूचना कोटवारों के माध्यम से गांवों में मुनादी करवाने के निर्देश दिया। जल स्तर वृद्धि को देखते हुए नदी तट के करीब स्थित गांवों की सतत निगरानी के लिए कहा गया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पर्याप्त मात्रा में खाद्य सामग्री, नमक, केरोसीन, जीवन रक्षक दवाईयां इत्यादि नियमानुसार संग्रहित करने और उपलब्ध कराने कहा है।

बाढ़ की स्थिति निर्मित होने पर जिला स्तरीय कंट्रोल रूम और संबंधित अधिकारियों को तत्काल इसकी सूचना देने और प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने की पूरी तैयारी रखने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया गया। सिंचाई विभाग के अधिकारियों को जलाशयों में जल स्तर की नियमित निगरानी और जल छोडऩे पर विशेष ध्यान रखने कहा है।

उन्होंने जलाशयों से जल निकासी से पूर्व निचले गांवों को सूचित करने के निर्देश दिए। बाढ़ के कारण राहत शिविर लगाए जाने की स्थिति में नियमित चिकित्सा जांच उपलब्ध कराने हेतु कहा है। जिससे बुखार, उल्टी-दस्त, मलेरिया व अन्य बीमारी के लक्षणों वाले मरीजों को अलग कर उपचार किया जा सके और बीमारी के प्रसार में भी रोक लगे। आश्रयों व राहत शिविरों में नियमित कीटाणु शोधन (सेनेटाइजेशन) और स्वच्छता के लिए अतिरिक्त व्यवस्था सुनिश्चित करने कहा गया है।

नदियों-बांधों में जल स्तर की लगातार हो रही निगरानी
लगातार हो रही बारिश से नदियों एवं बांधों में जल स्तर बढ़ा है। आज की स्थिति में केलो डेम में 201.60 मीटर, मांड में जलस्तर 226.10, महानदी चंद्रपुर ब्रिज में 197.80 मीटर, महानदी कलमा बैराज में 197.20 मीटर जल स्तर है। वहीं हीराकुंड डेम का जल स्तर 186.73 है। सभी नदियां और बांध अभी खतरे के निशान के करीब हैं। जिला प्रशासन द्वारा इसकी लगातार निगरानी की जा रही है।

बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित, कंट्रोल रूम 07762-223750 पर दे सकते है सूचना
कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल के निर्देशन में मानसून-2024 में प्राकृतिक आपदा से बचाव एवं राहत व्यवस्था के संबंध में जिला कार्यालय रायगढ़ के कक्ष क्रमांक 42 में जिला स्तरीय बाढ़ आपदा राहत कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है। यह कंट्रोल रूम 24 घंटे संचालित है। कंट्रोल रूम का दूरभाष नंबर 07762-223750 है। बाढ़ नियंत्रण कक्ष हेतु डिप्टी कलेक्टर एवं प्रभारी अधिकारी, बाढ़ आपदा राहत शाखा श्रीमती रेखा चन्द्रा मोबा.नं.97528-06153 को जिला स्तरीय नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

Advertisement
Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *