राज्य सरकार के निर्देश पर आज पूरे ओडिशा में जल क्षेत्रों में पक्षियों की गणना का कार्य शुरू किया गया। इसी क्रम में राउरकेला वन विभाग द्वारा व्यापक स्तर पर तैयारियां करते हुए 17 अलग-अलग जल स्रोतों पर 17 विशेष टीमें गठित की गईं। पक्षियों की गिनती का कार्य आज सुबह 6:30 बजे से प्रारंभ हुआ।
इस महत्त्वपूर्ण अभियान में राउरकेला वन विभाग के सभी क्षेत्रीय कर्मचारियों सहित कुल 285 लोगों को लगाया गया है। साथ ही दो सहायक वन अधिकारी—सुरजीत कुमार साहू एवं गजेंद्र पाल सिंह माथुर—को भी जिम्मेदारी सौंपी गई। संपूर्ण गणना कार्य वन विभाग के अधिकारी यशवंत सेठी की देखरेख में संपन्न कराया गया।
जलपक्षी गणना मंदिरा डैम, पितामहल डैम, ब्राह्मणी नदी, कोलाईपोसा जलाशय, बालूघाट तरकेरा जलाशय, धमांधर डैम, कुचैता तालाब, कांसबहाल डैम, बिषिपुर पोखरी सहित कुल 17 जल स्रोतों पर की गई।
गणना कार्य को वैज्ञानिक और व्यवस्थित ढंग से करने के उद्देश्य से एक दिन पूर्व राउरकेला वन विभाग कार्यालय के बैठक कक्ष में प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया था। इस शिविर में सभी क्षेत्रीय कर्मचारियों को आमंत्रित किया गया। वन्यजीव अनुसंधानकर्ता डॉ. निमैन चरण पल्ले ने कर्मचारियों को जलपक्षियों की पहचान और गणना की विधियों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया।
वन विभाग के अनुसार इस गणना से जलपक्षियों की संख्या, प्रजातियों की स्थिति और उनके संरक्षण से जुड़ी नीतियों को मजबूती मिलेगी।



