ठेठेइपोस पंचायत में अवैध महुआ शराब बिक्री के खिलाफ महिलाओं का हल्लाबोल

Advertisement

सैकड़ों महिलाओं ने शराब बनाने और बेचने वालों के घर पहुंचकर दी चेतावनी, पूर्व सरपंच के निधन के बाद दोबारा बिक्री बढ़ने का दावा

बिसरा। बिसरा ब्लॉक अंतर्गत ठेठेइपोस पंचायत अंचल में अवैध महुआ शराब की बिक्री को लेकर ग्रामीण महिलाओं में नाराजगी सामने आई है। शनिवार को सैकड़ों महिलाओं ने एकजुट होकर शराब बनाने और बेचने वालों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उनके घरों तक पहुंचकर शराब की बिक्री बंद करने की चेतावनी दी।

महिलाओं ने घर-घर पहुंचकर दी चेतावनी

ग्रामीण महिलाओं का कहना है कि पंचायत क्षेत्र में लंबे समय से अवैध रूप से महुआ शराब बनाए जाने और बिक्री किए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। महिलाओं ने शराब विक्रेताओं के घर पहुंचकर स्पष्ट रूप से कहा कि क्षेत्र में शराब की बिक्री बंद की जाए। महिलाओं का कहना है कि अवैध शराब के कारण गांव के सामाजिक माहौल और परिवारों पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।

पूर्व सरपंच के निधन के बाद फिर शुरू हुई बिक्री का दावा

ग्रामीणों के मुताबिक, ठेठेइपोस पंचायत के पूर्व सरपंच ललित मुंडा के कार्यकाल में क्षेत्र में शराब बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाने का प्रयास किया गया था। ग्रामीणों का दावा है कि उनके निधन के बाद पंचायत अंचल में एक बार फिर अवैध महुआ शराब की बिक्री शुरू हो गई और धीरे-धीरे इसका कारोबार बढ़ता गया।

आबकारी विभाग को पैसे देने का दावा करने का आरोप

महिलाओं ने आरोप लगाया कि कुछ शराब विक्रेता खुले तौर पर यह कहते हैं कि वे आबकारी विभाग को पैसे देते हैं, इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं होगी। महिलाओं का यह भी कहना है कि उन्हें शराब बिक्री का विरोध करने पर आबकारी विभाग में शिकायत करने की धमकी दी जाती है।

हालांकि, आबकारी विभाग को पैसे दिए जाने संबंधी आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में विभाग का पक्ष सामने आने के बाद ही इन दावों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

कार्रवाई की मांग

ग्रामीण महिलाओं ने प्रशासन और आबकारी विभाग से पंचायत क्षेत्र में अवैध महुआ शराब के निर्माण और बिक्री की जांच कराने तथा दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है। महिलाओं का कहना है कि यदि शराब बिक्री पर प्रभावी रोक नहीं लगाई गई तो वे आगे भी सामूहिक रूप से इसका विरोध जारी रखेंगी।

Share This Article