छत्तीसगढ़ में उड़ान योजना पर संकट: खाली उड़ रहीं फ्लाइट्स, कई रूट्स पर सेवाएं बंद होने का खतरा

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रायपुर | छत्तीसगढ़ में क्षेत्रीय उड़ान योजना के तहत शुरू की गई हवाई सेवाएं अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पा रही हैं। कई रूट्स पर यात्रियों की संख्या बेहद कम होने के कारण एयरलाइंस को संचालन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हाल ही में रायपुर-जगदलपुर-हैदराबाद फ्लाइट को यात्रियों की कमी के चलते रद्द करना पड़ा।

कम यात्रियों से जूझ रही उड़ान सेवाएं
31 मार्च से शुरू हुई 72 सीटर रायपुर-जगदलपुर-हैदराबाद फ्लाइट में यात्रियों की संख्या बेहद कम रही। दो बार संचालन के दौरान अधिकतम 22 यात्रियों ने ही सफर किया। निर्धारित शेड्यूल के बावजूद शनिवार को इस फ्लाइट का संचालन ही नहीं हो सका। इसी तरह अंबिकापुर-कोलकाता रूट पर भी पहले दिन केवल 3 और दूसरे दिन 9 यात्रियों के साथ फ्लाइट संचालित हुई।

रीवा और अन्य रूट्स पर भी कमजोर स्थिति
रायपुर से रीवा के बीच सप्ताह में तीन दिन चलने वाली फ्लाइट में भी यात्रियों की संख्या 20 के आसपास ही सीमित रही। वहीं ओडिशा के उत्केला-रायपुर रूट की सेवा पहले ही छह महीने पहले यात्रियों की कमी के कारण बंद की जा चुकी है।

रायपुर-जगदलपुर रूट बना सबसे बड़ी चुनौती
रायपुर-जगदलपुर-हैदराबाद रूट पर हालात और भी खराब हैं। एक फ्लाइट में जगदलपुर से रायपुर के बीच सिर्फ 9 यात्री और वापसी में मात्र 2 यात्री ही दर्ज किए गए। गुरुवार को भी तीनों शहरों के बीच कुल यात्री संख्या 50 तक नहीं पहुंच सकी, जिससे इस रूट का संचालन घाटे का सौदा बनता जा रहा है।

अंबिकापुर से दिल्ली-कोलकाता उड़ानों पर भी असर
सरगुजा संभाग को जोड़ने के लिए शुरू की गई अंबिकापुर-Delhi और कोलकाता फ्लाइट्स में भी 30% से कम यात्री मिल रहे हैं। सोमवार, बुधवार और गुरुवार को संचालित होने वाली इन सेवाओं का भविष्य भी अनिश्चित नजर आ रहा है।

विशेषज्ञों की राय: मांग और जागरूकता की कमी
एविएशन विशेषज्ञों का मानना है कि छोटे शहरों में हवाई यात्रा को लेकर अभी जागरूकता और मांग सीमित है। इसके अलावा सस्ती और सुलभ ट्रेन व सड़क परिवहन व्यवस्था भी लोगों को हवाई यात्रा से दूर रख रही है।

क्षेत्रीय उड़ान योजना का उद्देश्य छोटे शहरों को हवाई नेटवर्क से जोड़ना था, लेकिन मौजूदा हालात इस योजना की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े कर रहे हैं। यदि जल्द ही यात्रियों की संख्या नहीं बढ़ती, तो कई रूट्स पर उड़ान सेवाएं बंद होने की आशंका बढ़ सकती है।

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