पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में बाल संसद चुनाव सम्पन्न, प्रधानमंत्री सहित पांच पदों के लिए विद्यार्थियों ने किया मतदान
रायगढ़, 12 जुलाई 2026। विकासखंड रायगढ़ के पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में बच्चों को लोकतंत्र की कार्यप्रणाली से व्यवहारिक रूप से परिचित कराने के उद्देश्य से आयोजित बाल संसद गठन प्रक्रिया का शनिवार को गुप्त मतदान के साथ समापन हुआ। एक जुलाई से शुरू हुई चुनाव प्रक्रिया में विद्यार्थियों ने उत्साह, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ अपने मताधिकार का प्रयोग कर अपने प्रतिनिधियों का चयन किया।
पांच प्रमुख पदों के लिए हुआ मतदान
बाल संसद चुनाव में प्रधानमंत्री, शिक्षा मंत्री, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता मंत्री, पर्यावरण एवं संस्कृति मंत्री तथा खेल मंत्री पद के लिए मतदान कराया गया। चुनाव प्रक्रिया को वास्तविक लोकतांत्रिक स्वरूप देने के लिए प्रत्याशियों को पुस्तक, कलम, डस्टर, थर्मस सहित विभिन्न चुनाव चिन्ह आवंटित किए गए।
मतदान से पहले प्रत्याशियों ने अपने घोषणा-पत्र प्रस्तुत किए, जिसमें विद्यालय में अनुशासन, स्वच्छता, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण और खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने जैसे संकल्प शामिल रहे।
शिक्षकों ने निभाई निर्वाचन आयोग की भूमिका
बाल संसद चुनाव के दौरान विद्यालयों में वास्तविक चुनाव जैसा माहौल देखने को मिला। प्रधान पाठक और शिक्षकों ने निर्वाचन आयोग की भूमिका निभाते हुए पूरी प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया।
चुनाव की निगरानी के लिए संकुल शैक्षणिक समन्वयक और संकुल प्राचार्य भी विभिन्न विद्यालयों में उपस्थित रहे और प्रक्रिया का सतत निरीक्षण किया।
बच्चों में नेतृत्व और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना उद्देश्य
विकासखंड शिक्षा अधिकारी संजय पटेल ने कहा कि बाल संसद केवल प्रतिनिधियों के चयन की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों में लोकतांत्रिक मूल्यों, नेतृत्व क्षमता, जिम्मेदारी, संवाद कौशल और सामूहिक निर्णय लेने की क्षमता विकसित करने का माध्यम है।
उन्होंने कहा कि इस गतिविधि के माध्यम से बच्चों ने लोकतंत्र को केवल किताबों में पढ़ा नहीं, बल्कि उसे व्यवहार में भी समझा और अपनाया।
बीआरसीसी ने दी सफल आयोजन की बधाई
बीआरसीसी मनोज अग्रवाल ने बाल संसद चुनाव के सफल आयोजन पर सभी प्रधान पाठकों, शिक्षकों, संकुल शैक्षणिक समन्वयकों और संकुल प्राचार्यों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस तरह की गतिविधियां विद्यार्थियों को जागरूक, जिम्मेदार और सक्रिय नागरिक बनने के लिए प्रेरित करती हैं।




