नगर पंचायत मरवाही में लाखों की लागत से बनी सड़क टूटने लगी, वार्डवासियों ने तकनीकी जांच और कार्रवाई की मांग की।
निर्माण के बाद ही सड़क की गुणवत्ता पर उठे सवाल
मरवाही से दीपक गुप्ता की खास रिपोर्ट।
नगर पंचायत मरवाही के वार्ड क्रमांक 14 में बनाई गई सीसी सड़क की गुणवत्ता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। वार्डवासियों का आरोप है कि लाखों रुपये की लागत से तैयार की गई सड़क निर्माण के कुछ समय बाद ही जगह-जगह से टूटने लगी है।
मौके की तस्वीरों में सड़क से गिट्टियां बाहर निकलती दिखाई दे रही हैं, जिसे लेकर स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य में लापरवाही का आरोप लगाया है।
रात में निर्माण करने का लगाया आरोप
वार्डवासियों का कहना है कि सड़क निर्माण का काम दिन में करने के बजाय देर रात किया गया। लोगों ने आरोप लगाया कि निर्माण के दौरान न तो वाइब्रेटर का उचित उपयोग किया गया और न ही सीमेंट की निर्धारित मात्रा का ध्यान रखा गया।
इसके अलावा सड़क की सही तरीके से तराई नहीं किए जाने का भी आरोप लगाया गया है। लोगों का कहना है कि जल्दबाजी में काम पूरा कर सरकारी राशि का दुरुपयोग किया गया।
एस्टीमेट के अनुरूप निर्माण नहीं होने का आरोप
स्थानीय लोगों ने नगर पंचायत के जिम्मेदार अधिकारियों और इंजीनियर पर भी सवाल उठाए हैं। आरोप है कि एस्टीमेट में सड़क की मोटाई और गुणवत्ता का जो प्रावधान किया गया था, मौके पर उसके अनुरूप कार्य नहीं हुआ।
वार्डवासियों का दावा है कि कागजों में सड़क मजबूत और निर्धारित मोटाई की दिखाई गई, जबकि वास्तविक निर्माण में कम सामग्री का उपयोग किया गया।
जिम्मेदारों की चुप्पी पर नाराजगी
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क की खराब गुणवत्ता की जानकारी वार्ड पार्षद और नगर पंचायत के अधिकारियों तक पहुंचने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
लोगों ने मांग की है कि निर्माण कार्य की निष्पक्ष तकनीकी जांच कराई जाए, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके।
कोर टेस्ट और कार्रवाई की मांग
वार्डवासियों ने जिला प्रशासन और कलेक्टर से सड़क का तकनीकी परीक्षण (कोर टेस्ट) कराने की मांग की है। साथ ही दोषी पाए जाने वाले इंजीनियर और ठेकेदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की गई है।
अब देखना होगा कि शिकायतों के बाद प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और सड़क निर्माण की गुणवत्ता जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं।




