100 से अधिक गणेश समितियों के साथ पुलिस की बैठक, यातायात और सुरक्षा को लेकर दिए कड़े निर्देश
बिलासपुर। आगामी गणेशोत्सव को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए बिलासपुर पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर पुलिस लाइन स्थित चेतना भवन में शहर की गणेश पूजा समितियों के पदाधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। इसमें 100 से अधिक समितियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। पुलिस अधिकारियों ने आयोजकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि धार्मिक आयोजन के कारण आम लोगों को यातायात जाम या अन्य किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

सड़क और व्यस्त चौराहों पर नहीं बनेंगे पंडाल
बैठक में पुलिस ने साफ किया कि आम रास्तों अथवा अत्यधिक व्यस्त चौराहों को घेरकर गणेश पंडाल लगाने की अनुमति नहीं होगी। आयोजन समितियों को जिला प्रशासन से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा और अनुमति में निर्धारित सभी शर्तों का पालन करना होगा।
पंडालों के आसपास यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए समितियों को वर्दीधारी सुरक्षा गार्ड और स्वयंसेवक तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं। इनकी जिम्मेदारी भीड़ और वाहनों की आवाजाही को व्यवस्थित बनाए रखने की होगी।
डीजे और लाउडस्पीकर पर रहेगी निगरानी
पुलिस ने ध्वनि प्रदूषण को लेकर भी आयोजकों को सख्त हिदायत दी। डीजे और लाउडस्पीकर का उपयोग निर्धारित ध्वनि सीमा और समयावधि के भीतर ही किया जा सकेगा। अधिकारियों ने सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने को कहा।

किसी भी प्रकार के विवाद, झगड़े या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी थाना अथवा पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं।
पंडालों में जरूरी हेल्पलाइन नंबर प्रदर्शित करना अनिवार्य
पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए सभी गणेश पंडालों में समिति के प्रमुख पदाधिकारियों के नाम और मोबाइल नंबर प्रदर्शित करने को कहा है। इसकी एक प्रति संबंधित थाने में भी जमा करनी होगी।
इसके अलावा स्थानीय थाना, पुलिस कंट्रोल रूम, डायल-112 और 108 एंबुलेंस के संपर्क नंबर पंडाल परिसर में प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित करने होंगे।
हेलमेट और साइबर ठगी के प्रति भी करेंगे जागरूक
गणेशोत्सव के दौरान धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक जागरूकता को भी बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए हैं। पंडालों में यातायात सुरक्षा से संबंधित हेलमेट जागरूकता संदेश तथा साइबर अपराध और ऑनलाइन ठगी से बचाव से जुड़े होर्डिंग और फ्लेक्स लगाए जाएंगे।
महिला और बच्चों की सुरक्षा पर विशेष जोर
पुलिस अधिकारियों ने आयोजकों से कहा कि गणेशोत्सव के दौरान महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाए। पंडाल परिसर अथवा आसपास किसी भी तरह की अभद्रता, अशोभनीय गतिविधि या असामाजिक कृत्य को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पुलिस ने समितियों से पर्व के दौरान सामाजिक मर्यादा और धार्मिक सौहार्द बनाए रखने में सहयोग करने की अपील भी की।
जल्द होगी तैयारियों की दोबारा समीक्षा
बैठक में सीएसपी गगन कुमार, डीएसपी यातायात शिवचरण सिंह परिहार, शहर के सभी थाना प्रभारी तथा गणेश पूजा समितियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। पुलिस प्रशासन ने बताया कि गणेशोत्सव की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए आगामी दिनों में समितियों के साथ एक और बैठक आयोजित की जाएगी।
रिपोर्टर: अभिषेक कुमार पाण्डेय, बिलासपुर, छत्तीसगढ़




