महुलता गांव के खेत से जीवित पैंगोलिन बरामद, वन विभाग की कार्रवाई
राउरकेला। बणई वन मंडल क्षेत्र में वन विभाग ने पैंगोलिन (बज्रकाप्ता) की कथित तस्करी के मामले में कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। टीम ने आरोपी की निशानदेही पर महुलता गांव के एक खेत से जीवित पैंगोलिन बरामद किया। मामले में वन्यजीव संरक्षण संबंधी धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।
गुप्त सूचना के बाद शुरू हुई निगरानी
वन मंडल अधिकारी यशवंत सेठी को करीब एक सप्ताह पहले क्षेत्र में पैंगोलिन की अवैध तस्करी से जुड़ी सूचना मिली थी। इसके बाद उनके निर्देश पर सहायक वन संरक्षक सुमित महांति और दुर्व्योधन जेरेई के नेतृत्व में दो टीमों का गठन कर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी गई।
एनएच-143 पर कार रोककर पूछताछ
वन विभाग की टीम ने सोमवार को एनएच-143 पर केनावेटा के समीप एक मारुति अर्टिगा को रोककर उसमें सवार व्यक्ति से पूछताछ की। पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर टीम महुलता गांव पहुंची, जहां एक खेत से जीवित पैंगोलिन को बरामद किया गया।
41 वर्षीय आरोपी हिरासत में
गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान लहुणीपाड़ा थाना क्षेत्र के महुलता गांव निवासी रईबू मुंडा (41) के रूप में हुई है। वन विभाग के अनुसार बरामद पैंगोलिन की लंबाई करीब तीन फीट है। उसका वजन अभी विभाग द्वारा सत्यापित किया जाना बाकी है।
बड़े तस्करी नेटवर्क की आशंका
पैंगोलिन की बरामदगी के बाद वन विभाग को इसके पीछे किसी बड़े वन्यजीव तस्करी नेटवर्क के सक्रिय होने की आशंका है। विभाग अब आरोपी से पूछताछ के आधार पर तस्करी से जुड़े अन्य लोगों और संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाने में लगा है।
कई अधिकारियों और टीमों ने निभाई भूमिका
कार्रवाई में रेंज अधिकारी देवाशीष नायक, शिव नारायण बेहरा, वनपाल ज्ञान रंजन महांति, अमित बेहरा और उत्कल केसरी राउत सहित रैपिड रिस्पांस टीम के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वन विभाग मामले की आगे की कड़ियों की जांच कर रहा है।




