रायगढ़। छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) की जिला इकाई, जिला पंचायत रायगढ़ द्वारा महिला स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को व्यक्तिगत उद्यम ऋण से जोड़ने के उद्देश्य से ऑनलाइन ऋण आवेदन प्रक्रिया पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पंचायत प्रशिक्षण केंद्र रायगढ़ में हुए इस प्रशिक्षण में जिले के सातों जनपद पंचायतों के लगभग 100 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
दो चरणों में हुआ प्रशिक्षण
प्रशिक्षण का पहला चरण 22 से 24 जुलाई तक आयोजित किया गया, जिसमें धरमजयगढ़, लैलूंगा, पुसौर और रायगढ़ जनपद पंचायतों के वित्त सखी एवं एफएलसीआरपी शामिल हुए। दूसरा चरण 27 से 29 जुलाई तक चला, जिसमें खरसिया, तमनार और घरघोड़ा जनपद पंचायतों के प्रतिभागियों को ऑनलाइन ऋण आवेदन, आवश्यक दस्तावेजों और डिजिटल प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।
1 से 5 लाख रुपये तक मिलेगा उद्यम ऋण
बिहान योजना के तहत स्व-सहायता समूहों से जुड़ी पात्र महिला उद्यमियों को 1 लाख से 5 लाख रुपये तक का व्यक्तिगत उद्यम ऋण उपलब्ध कराया जाता है। इस राशि का उपयोग महिलाएं पशुपालन, किराना दुकान, फैंसी स्टोर, ब्यूटी पार्लर सहित विभिन्न स्वरोजगार गतिविधियों के संचालन और विस्तार के लिए कर सकती हैं।
डिजिटल प्रक्रिया से होगी सुविधा
प्रशिक्षण का उद्देश्य महिलाओं के ऋण आवेदन को पूरी तरह ऑनलाइन करना, बैंक जाने की प्रक्रिया को सरल बनाना तथा उन्हें डिजिटल वित्तीय सेवाओं से जोड़ना रहा। प्रशिक्षण के दौरान वित्त सखी एवं एफएलसीआरपी ने लगभग 80 से 90 ऑनलाइन ऋण आवेदन भी तैयार किए।
महिला सशक्तिकरण को मिल रहा बढ़ावा
जिले में बिहान योजना के माध्यम से महिलाओं को चक्रीय निधि, सामुदायिक निवेश निधि और बैंक क्रेडिट लिंकेज जैसी योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। इससे बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं स्वरोजगार अपनाकर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रही हैं।
प्रमाण पत्र वितरित किए गए
प्रशिक्षण के समापन अवसर पर सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम में जिला पंचायत रायगढ़ के अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी नीलाराम पटेल, अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं जिला बिहान प्रभारी महेश पटेल तथा जिला कार्यक्रम प्रबंधक अवीक बासु सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। उन्होंने प्रतिभागियों को योजना के प्रभावी क्रियान्वयन और अधिक से अधिक महिला उद्यमियों तक ऋण सुविधा पहुंचाने के लिए प्रेरित किया।




