पारिवारिक विवाद में बहू पर हत्या की साजिश रचने का आरोप, वैज्ञानिक जांच और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जशपुर पुलिस की बड़ी सफलता
24 घंटे के भीतर अंधे हत्याकांड का खुलासा, चार आरोपी पुलिस की गिरफ्त में (Jashpur Murder Case)
जशपुर। डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन में थाना दुलदुला पुलिस ने ग्राम बोड़ाजोर में हुए 70 वर्षीय बुजुर्ग चुगरू प्रधान की हत्या के मामले का महज 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए महिला सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार पाटनवार एवं एसडीओपी जशपुर के मार्गदर्शन में की गई।
हाथ-पैर बंधे मिले थे बुजुर्ग, एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की मदद से जुटाए गए साक्ष्य
पुलिस के अनुसार, 4 जुलाई 2026 को ग्राम बोड़ाजोर निवासी चुगरू प्रधान (70 वर्ष) अपने घर में मृत अवस्था में मिले थे। उनके हाथ-पैर बंधे हुए थे तथा शरीर पर गंभीर चोटों के निशान थे। सूचना मिलते ही पुलिस, एफएसएल टीम और डॉग स्क्वॉड मौके पर पहुंचे तथा घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए गए।
पारिवारिक विवाद में बहू ने रची हत्या की साजिश, तीन साथियों के साथ दिया वारदात को अंजाम (Jashpur Murder Case)
विवेचना के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक का अपनी बहू सुगंती बेसरा (36 वर्ष) के साथ लंबे समय से पारिवारिक विवाद चल रहा था। पुलिस के अनुसार, इसी रंजिश के चलते उसने अपने परिचित साहिल उर्फ राजा खान (22 वर्ष), आनंद यादव (20 वर्ष) और रोहित सिंह (21 वर्ष) के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची।
जांच में सामने आया कि 3 और 4 जुलाई 2026 की मध्यरात्रि आरोपी मोटरसाइकिल से मृतक के घर पहुंचे। दरवाजा खुलवाने के बाद उन्होंने लकड़ी के फट्टे एवं मुक्कों से हमला किया, हाथ-पैर बांध दिए और मुंह में कपड़ा ठूंसकर हत्या कर दी। वारदात के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए।
लकड़ी का फट्टा, मोटरसाइकिल और चार मोबाइल फोन बरामद
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उन्होंने अपराध स्वीकार कर लिया। आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त लकड़ी का फट्टा, एक मोटरसाइकिल तथा चार मोबाइल फोन बरामद किए गए। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
वैज्ञानिक विवेचना और तकनीकी विश्लेषण से मिली बड़ी सफलता
इस अंधे हत्याकांड के खुलासे में थाना दुलदुला पुलिस, साइबर सेल, एफएसएल टीम तथा विवेचना में शामिल अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस की वैज्ञानिक विवेचना, तकनीकी विश्लेषण और समन्वित कार्रवाई से गंभीर अपराध का 24 घंटे के भीतर खुलासा संभव हो सका।
जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही जशपुर पुलिस : एसएसपी
डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि जशपुर पुलिस गंभीर अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रही है। प्रत्येक गंभीर मामले का त्वरित एवं वैज्ञानिक तरीके से खुलासा कर दोषियों को कानून के कठघरे तक पहुंचाना पुलिस की प्राथमिकता है।


