नई दिल्ली । गर्मी का मौसम आते ही बाजार में आमों की भरमार शुरू हो गई है, लेकिन इसी के साथ मिलावटी और केमिकल से पकाए गए आमों का खतरा भी बढ़ गया है। फलों का राजा कहे जाने वाले आमों को जल्दी पकाने के लिए कई जगहों पर रसायनों का इस्तेमाल किया जा रहा है, जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर जोखिम पैदा कर सकते हैं।
चमकदार आम दिख सकते हैं, लेकिन हो सकते हैं खतरनाक
विशेषज्ञों के अनुसार केमिकल से पकाए गए आम बाहर से बेहद आकर्षक, एक जैसे पीले और चमकदार दिखते हैं, लेकिन अंदर से कच्चे या कम मीठे हो सकते हैं। इनमें प्राकृतिक खुशबू भी नहीं पाई जाती।
कैसे करें असली और नकली आम की पहचान
बाजार से आम खरीदते समय इन बातों का ध्यान रखें—
- बहुत ज्यादा चमकदार और एक समान पीला रंग
- प्राकृतिक खुशबू का अभाव
- काटने पर सख्त और कम रसदार गूदा
- छिलके पर सफेद या धूल जैसा अवशेष
- जल्दी खराब होना या अंदर से काला पड़ना
नेचुरल आम की खास पहचान
प्राकृतिक रूप से पके आम थोड़े असमान रंग के होते हैं लेकिन स्वाद में बेहतरीन—
- हल्का हरा, पीला या नारंगी मिश्रित रंग
- तेज और मीठी खुशबू
- हल्का दबाने पर नरम महसूस होना
- रसदार, मुलायम और मीठा स्वाद
केमिकल आम से स्वास्थ्य को खतरा
ऐसे आम खाने से गले में जलन, पेट दर्द, गैस, उल्टी और दस्त जैसी समस्याएं हो सकती हैं। लंबे समय तक सेवन से गंभीर बीमारियों का खतरा भी बढ़ सकता है।
खरीदारी में बरतें सावधानी
- बहुत जल्दी बाजार में आए आम खरीदने से बचें
- केवल भरोसेमंद दुकानदार से खरीदें
- आम को अच्छे से धोकर ही खाएं
- शक होने पर पानी में कुछ देर भिगोकर रखें
