19 लाख का स्कूल भवन 2 साल से अधूरा, बच्चे बरामदे और पेड़ के नीचे पढ़ने को मजबूर

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रिपोर्ट : चंद्रसेन पाटस्कर
जिला संवाददाता : गौरेला-पेंड्रा-मरवाही
मोबाइल : 8085575275

डीएमएफ मद से स्वीकृत भवन निर्माण में अनियमितता का आरोप, ग्रामीणों ने जांच की मांग की

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। मरवाही विकासखंड के ग्राम पंचायत परासी में शिक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर स्थिति सामने आई है। यहां डीएमएफ मद से 19 लाख रुपये की लागत से स्वीकृत मिडिल स्कूल भवन का निर्माण पिछले 2 साल से अधूरा पड़ा हुआ है। भवन नहीं बनने के कारण स्कूली बच्चों को बरामदे और कभी-कभी पेड़ के नीचे बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर होना पड़ रहा है।

भवन निर्माण अधूरा, बच्चों की पढ़ाई प्रभावित

ग्रामीणों के अनुसार स्कूल भवन का निर्माण कार्य लंबे समय से बंद है। पर्याप्त कक्ष उपलब्ध नहीं होने के कारण बच्चों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश और गर्मी के मौसम में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।

ग्रामीणों ने लगाए भुगतान में अनियमितता के आरोप

ग्रामीणों ने सरपंच, सचिव और ठेकेदार पर निर्माण कार्य में लापरवाही और अनियमितता के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि मौके पर केवल करीब 2 लाख रुपये का काम दिखाई दे रहा है, जबकि लगभग 8 लाख रुपये का भुगतान निकाल लिया गया है। ग्रामीणों ने पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।

जांच के बाद होगी कार्रवाई : जिला शिक्षा अधिकारी

मामले को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी ने कहा कि स्कूल भवन का निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो संबंधित जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

ग्रामीणों ने उठाई जल्द भवन पूरा कराने की मांग

पालक पंकज कुमार कुशवाहा और राजेंद्र रजक सहित अन्य ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि अधूरे स्कूल भवन का निर्माण जल्द पूरा कराया जाए, ताकि बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।

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