सरकारी क्वार्टर्स में बिजली चोरी पर बड़ा एक्शन, 18 अधिकारियों-कर्मचारियों के कनेक्शन कटे, 16 को FIR की चेतावनी

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जैजैपुर@खबर सार :- सरकारी आवासों में वर्षों से बिजली चोरी कर रहे अधिकारियों और कर्मचारियों पर विद्युत विभाग ने कड़ा प्रहार किया है। जीएडी सरकारी कॉलोनी में चार साल से चोरी की बिजली जलाने के आरोप में 18 आवासों के बिजली कनेक्शन काट दिए गए। इनमें तहसीलदार, नगर पंचायत सीएमओ और अन्य विभागों के कर्मचारियों के आवास शामिल हैं। साथ ही 16 अन्य आवासों को दो दिन के अंदर बकाया बिल जमा नहीं करने पर एफआईआर दर्ज करने का नोटिस थमा दिया गया है।

विद्युत विभाग की टीम ने बुधवार को अचानक छापेमारी कर जीएडी कॉलोनी के सरकारी क्वार्टर्स में जांच की। पता चला कि दर्जनों अधिकारी-कर्मचारी मीटर बाईपास कर या बिना मीटर के ही बिजली का उपयोग कर रहे थे। कुछ आवासों में तो चार साल से एक पैसा का बिल भी जमा नहीं किया गया था।

कनेक्शन कटे, नोटिस जारी
जांच में अनियमितता पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से 18 आवासों के बिजली कनेक्शन काट दिए गए। इनमें तहसीलदार आवास, नगर पंचायत सीएमओ आवास और विभिन्न विभागों में तैनात कर्मचारियों के क्वार्टर्स शामिल हैं। इसके अलावा 16 अन्य आवासों को नोटिस जारी कर दो दिन के अंदर बकाया बिल भुगतान करने को कहा गया है। चेतावनी दी गई है कि समयसीमा में भुगतान नहीं करने पर चोरी के आरोप में एफआईआर दर्ज की जाएगी।

चार साल से चोरी की बिजली
विद्युत विभाग के जूनियर इंजीनियर योगेश श्रीवाश ने बताया कि जीएडी कॉलोनी में कई सरकारी आवासों में लंबे समय से बिजली चोरी हो रही थी। कुछ क्वार्टर्स में मीटर ही नहीं लगे थे, जबकि कुछ में मीटर को बाईपास कर अवैध कनेक्शन लिए गए थे। जांच के दौरान लाखों रुपये का बकाया बिल बरामद हुआ है।

श्रीवाश ने कहा, “यह कार्रवाई बिजली चोरी के खिलाफ विभाग की जीरो टॉलरेंस नीति का हिस्सा है। सरकारी कर्मचारी होने के बावजूद नियमों का उल्लंघन करना गंभीर अपराध है। आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी।”

विद्युत विभाग ने सभी सरकारी विभागों को निर्देश दिए हैं कि अपने कर्मचारियों के आवासों में बिजली कनेक्शन की नियमित जांच कराएं। साथ ही बकाया बिलों की वसूली के लिए विशेष अभियान चलाने की तैयारी है।

यह कार्रवाई सरकारी तंत्र में अनुशासन और पारदर्शिता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

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