पटना । ऐतिहासिक बिहार हितैषी पुस्तकालय के 142वें वार्षिकोत्सव को भव्य रूप देने की तैयारियाँ ज़ोर-शोर से चल रही हैं। इसी क्रम में आयोजन को लेकर पटना साहिब विधानसभा क्षेत्र के विधायक रत्नेश कुमार कुशवाहा को विचार-विमर्श, सलाह और सहयोग के लिए आमंत्रित किया गया।
अध्यक्ष द्वारा विधायक का स्वागत, आयोजन को लेकर विस्तृत चर्चा
पुस्तकालय अध्यक्ष हरिहर सिन्हा ने विधायक रत्नेश कुमार कुशवाहा का शॉल ओढ़ाकर एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। बैठक के दौरान वार्षिकोत्सव के स्वरूप, संभावित तिथियों और अतिथियों को लेकर गहन चर्चा की गई।
फरवरी अंत या मार्च में आयोजन की संभावना
विधायक रत्नेश कुमार कुशवाहा ने अतिथियों की उपलब्धता को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम का आयोजन फरवरी के अंत या मार्च माह में किए जाने की संभावना जताई। उन्होंने आयोजन के लिए हरसंभव सहयोग, समन्वय और मार्गदर्शन का आश्वासन भी दिया।
राज्यपाल व विशिष्ट अतिथियों से समय लेने का निर्णय
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि पुस्तकालय के दो-तीन पदाधिकारी विधायक के नेतृत्व में शीघ्र ही महामहिम राज्यपाल सहित अन्य विशिष्ट अतिथियों से समय लेने जाएंगे, ताकि कार्यक्रम को गरिमामयी रूप दिया जा सके।
पदाधिकारियों ने रखी प्रगति रिपोर्ट और आयोजन की रूपरेखा
बैठक में उपस्थित संयुक्त सचिव एवं संयोजक सुजीत ने अब तक हुई तैयारियों की प्रगति से अवगत कराया।
उपाध्यक्ष देवानंद तिवारी ने आयोजन के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला, जबकि कार्यकारिणी सदस्य संजय चतुर्वेदी ने समारोह की रूपरेखा पर अपने विचार साझा किए।
सांस्कृतिक संयोजक आलोक चोपड़ा ने प्रस्तावित सांस्कृतिक कार्यक्रमों का विस्तृत ब्योरा प्रस्तुत किया।
सदस्यों ने समारोह की सफलता के लिए दिए सुझाव
बैठक में उपाध्यक्ष अजित कृष्ण अग्रवाल सहित कार्यकारिणी सदस्य एस.एन. गुप्ता, जय प्रकाश मेहता, संजय कुमार, जय कृष्ण चंद्रवंशी, मिथिलेश कुमार, आनंद कुमार और चंदेश्वर प्रसाद ने भी समारोह को सफल बनाने के लिए अपने-अपने सुझाव रखे।
ऐतिहासिक धरोहर के रूप में पुस्तकालय का महत्व
बैठक के अंत में सभी पदाधिकारियों और सदस्यों ने बिहार हितैषी पुस्तकालय के गौरवशाली इतिहास और शैक्षणिक-सांस्कृतिक योगदान को ध्यान में रखते हुए वार्षिकोत्सव को स्मरणीय और गरिमापूर्ण बनाने का संकल्प लिया।

