जिंदा नाला पाटने के मामले में छत्तीसगढ़िया पार्टी महासचिव ने खोला मोर्चा
कुड़ेकेला :- रायगढ़ जिले के छाल तहसील क्षेत्र में अवैध तरीके से फ्लाई एश डंप कर सार्वजनिक जल स्रोत को बाधित करने के मामले में कार्रवाई की मांग लगातार की जा रही है। हाल ही में छाल के डोमनारा में फ्लाई एश से जिंदा नाला को पाटकर प्रवाह रोकने का गंभीर मामला सामने आया था। जिसके बाद से इस मामले में विभिन्न माध्यमों से जिम्मेदार पर कार्रवाई की मांग की जा रही है।
अब इस मामले में राजनीतिक दल के पदाधिकारी ने इस मामले में एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर हलचल मचा दी है है। सक्ती जिले में छत्तीसगढ़िया पार्टी के महासचिव अविनाश कुमार साहु ने इस मामले में प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कई गंभीर आरोप लगाए हैं। अविनाश कुमार साहु ने प्रेस विज्ञप्ति में दावा करते हुए कहा है कि इस मामले में एसईसीएल छाल उपक्षेत्र, डीबी पावर प्लांट और ट्रांसपोर्टर के द्वारा किए जा रहे पर्यावरणीय घोटाले का पर्दाफाश किया है।
उन्होंने जिला कलेक्टर, पर्यावरण संरक्षण मंडल अधिकारी और एसईसीएल निदेशक को पत्र सौंपकर इस मामले में विधिवत कार्रवाई किए जाने की मांग की है। अब इस मामले में जिस तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं उससे यह केस और संगीन होता जा रहा है। विज्ञप्ति के मुताबिक़ फ्लाई एश डंप करने के लिए एसईसीएल और डीबी पावर प्लांट प्रबंधन के जिम्मेदारों के बीच कथित तौर पर सांठगांठ हुई।
आरोप है कि प्लांट से फ्लाई एश की बड़ी खेप दूसरे जगह के लिए निकली लेकिन उस फ्लाई एश को छाल क्षेत्र के डोमनारा इलाके में डलवा दिया गया। प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि दस्तावेजों में हेराफेरी कर इस कारनामे को अंजाम दिया गया है, जिसमें टपरदा के नाम पर डंपिंग अनुमति लेकर डोमनारा इलाके में फ्लाई एश डलवा दिया गया है। प्लांट से निकले राखड़ को वहां स्थित एक नाले में भी डाल दिया गया, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है।




